नरसिंहपुर में 70 करोड़ रूपये लागत से अधिक के विकास कार्यों का किया गया लोकार्पण- भूमिपूजन

भोपाल, 14 अक्टूबर। मुख्यमंत्री कमल नाथ ने आज नरसिंहपुर के रहवासियों को बड़ी सौगात देते हुए चिकित्सा के अत्याधुनिक उपकरणों से लैस 100 बिस्तरीय श्री शंकर लाल दुबे जिला चिकित्सालय के नवनिर्मित भवन का लोकार्पण किया। इस भवन की लागत 10 करोड़ 65 लाख 15 हजार रुपये है। नया भवन बन जाने से मरीजों को बेहतर सुविधाएँ उपलब्ध होंगी। इस मौके पर विधानसभा अध्यक्ष नर्मदा प्रसाद प्रजापति उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री कमल नाथ ने लोकार्पण के बाद नवनिर्मित भवन का अवलोकन किया। अस्पताल में अत्याधुनिक ऑपरेशन थियेटर, न्यू बॉर्न बेबी यूनिट, प्रसव कक्ष एवं प्रसवोत्तर वार्ड तथा ब्लड बैंक बनाया गया है। मुख्यमंत्री ने जिला चिकित्सालय परिसर में स्थित स्वतंत्रता संग्राम सेनानी चौ. शंकरलाल दुबे की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया और पौधरोपण भी किया। इस अवसर पर जिले के प्रभारी वित्त, योजना एवं सांख्यिकी मंत्री तरूण भनोट, लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री तुलसीराम सिलावट, सामाजिक न्याय एवं नि:शक्तजन कल्याण मंत्री लखन घनघोरिया, विधायक संजय शर्मा सहित बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कहा है कि किसानों की आय बढ़ाने और कृषि क्षेत्र की उन्नति के लिए व्यापक सुधार लाया जायेगा। कृषि में नई क्रांति की आवश्यकता है, जिससे किसानों की क्रय शक्ति बढ़ाई जा सके और उन्हें न्याय मिले। गन्ना के उत्पादन और गन्ना किसानों के व्यापक हितों को ध्यान में रखकर शासन द्वारा नीति बनाई जायेगी।
श्री नाथ ने कहा कि गन्ना किसानों से बातचीत कर उनकी समस्याओं का निराकरण किया जायेगा। उनकी अपेक्षायें पूरी होंगी। मुख्यमंत्री आज नरसिंहपुर जिला मुख्यालय में आयोजित विकास कार्यों के लोकार्पण और भूमिपूजन समारोह को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों और नौजवानों की क्रय शक्ति बढ़ाकर ही आर्थिक गतिविधियों को तेज किया जा सकता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों, नौजवानों तथा प्रत्येक नागरिक की उन्नति के लिए दिये गये वचन, हमारी सरकार को काम करने के लिए मिले मात्र साढ़े सात माह के अल्प समय में ही जमीन में अमल पर आते हुए दिखने और महसूस होने लगे हैं। प्रदेश में प्रथम चरण में 21 लाख किसानों के कृषि ऋण माफ हुये हैं और नरसिंहपुर जिले में 20 हजार 322 किसानों के कृषि ऋण माफ हुये हैं। कृषि ऋण माफी की निर्धारित प्रक्रिया निरंतर चल रही है और शेष कर्ज राशि भी शीघ्र माफ होती जायेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार को खाली खजाना मिला था। किसान, नौजवान सहित समाज का हर वर्ग हताशा की स्थिति में था। कृषि, उद्योग सहित प्रत्येक क्षेत्र में उत्साह और निवेश की कमी हो रही थी। अब राज्य सरकार की जनहितैषी नीतियों से सकारात्मक बदलाव को महसूस किया जाने लगा है। जनता सहित निवेशकों में मध्यप्रदेश के लिए विश्वास बढ़ा है। यही विश्वास निवेश को आमंत्रित कर रहा है। निवेश को बढ़ाकर नौजवानों को बेहतर रोजगार देकर उनके भविष्य को सुरक्षित बनाया जायेगा और इस बड़ी चुनौती को राज्य सरकार स्वीकार कर चुकी है। राज्य सरकार ने साढ़े सात माह की अल्प अवधि में ही अपनी सकारात्मक नीति और नियत का परिचय दे दिया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि खाली खजाना मिलने के बाद भी जनकल्याण के कार्यों के लिए वित्त का इंतजाम सरकार ने किया। मुख्यमंत्री ने छिंदवाड़ा और नरसिंहपुर के विकास का उल्लेख करते हुए कहा कि आज ये दोनों जिले चहुंमूखी विकास के कारण बहुत बदल गये हैं। पहले इन दोनों जिलों में आने वाले लोग आज यहां हुए बड़े परिवर्ततन को स्पष्ट रूप से देखते हैं।
